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Tag Archives: Aaj ka Vichar

Naamdaan Milna Mushkil hai? – Ruhani Vichar – 2 Jul 17

एक सतसंग में सतसंग कर्त्ता ने बहुत ही सुंदर फरमाया … कहते हैं गुरु मिलना मुश्किल है ? नहीं . नामदान मिलना कठिन है ? नहीं . तब तो भजन करना बहुत कठिन है ? नहीं . फिर कठिन क्या है ? कठिन है गुरु पर विश्वास करना, गुरु को भगवान समझना । अगर हमारा गुरु पर विश्वास होता तो ...

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Sakhi – Santon ki chiz aur bhagya – Aaj ka Ruhani Vichar 30 Jun 2017

बड़े हजूर बाबा सावन सिंह जी की साखियों से उनके ग्वालियर की साखी से एक प्रसंग है। —–संतो के वस्त्र व् परशाद का महत्व—– एक बार जब बड़े हजूर संगत के साथ ग्वालियर पहुंचे तो वहां के राज परिवार जनरल साहिब के यंहा का प्रसंग है जो उन्होंने जनरल साहिब की पुत्रवधु रॉनी इंदुमती को उसके द्वारा हजूर जी के ...

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Aaj ka Ruhani Vichar – Baba Ji Stage pe hath kyun jodte hain? – 28 Jun 2017

ब्यास में एक बच्ची ने बाबा जी से सवाल किया, वो यह था कि लड़की — प्यारे बाबा जी, जब आप स्टेज़ पर आते हो तो अपने दोनों हाथ जोड़ते हो, और जब स्टेज़ छोड़ कर जाते हो तो अपने दोनों हाथ जोड़ते हो, ऐसा क्यों बाबा जी? बाबा जी — बेटा, मै हाथ जोड़कर ये कहता हुँ कि मेरी ...

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Kaal aur Dayaal – Aaj ka Ruhani Vichar – 27 Jun 2017

एक सत्संग कर्ता ने काल और दयाल के बारे में समझाया, आखरी वाली लाइन बड़ी सुन्दर थी। जब रूह सत्संग में जाने लगती है, भजन सिमरन पर जोर देने लगती है नाम की कमाई करने लग जाती है तब काल समझ जाता है की ये रूह अब हाथ से छूट जाएगी। तब काल अपना जाल फैलाता है आपको नौकरी में ...

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Baba ji ke Vachan – Ruhani Vichar – 24 Jun 2017

बाबा जी कहते है कि, जिंदगी एक खुली किताब के समान है, जिसके पन्ने हर दिन पलट रहे है, हवा चले न चले दिन पलटते रहते हैं जिसमें हम कभी ख़ुशी का आभास करते है, तो कभी गम का..!! ये जो वक़्त है न कभी किसी के लिए रुका है न कभी रुकता है यह लगातार अपनी धुरी पर चलता ...

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Baba ji apke avguno ko kis nazar se dekhte hain-आज का रूहानी विचार – 22 Jun 2017

आज का रूहानी विचार हम सबके जीवन में कई बार परेशानियां आती हैं, और एक वक़्त ऐसा आता है जब हमें लगता है या हमारे मन में ख्याल आने लगता है कि बाबा जी मैं ही क्यों ? या मेरा ही परिवार क्यों, ऐसा सिर्फ मेरे या मेरे अपनों के साथ ही क्यों होता है? अपने सुना होगा की बहुत ...

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